उल्टी ही चाल चलते है साईं के दीवाने !
उल्टी ही चाल चलते है साईं के दीवाने !
आँखों को बंद करते है दीदार के लिए !!
अँधेरी रात है साया तो हो नहीं सकता !
अँधेरी रात है साया तो हो नहीं सकता !
ये कौन है जो मेरे साथ साथ रहता है !!
!! ओम साईं नाथाय नमः !!
उल्टी ही चाल चलते है साईं के दीवाने !
आँखों को बंद करते है दीदार के लिए !!
अँधेरी रात है साया तो हो नहीं सकता !
अँधेरी रात है साया तो हो नहीं सकता !
ये कौन है जो मेरे साथ साथ रहता है !!
!! ओम साईं नाथाय नमः !!
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